बस्ती। अगर बलात्कार की शिकार लड़कियां यूंही अपना बयान बार-बार बदलती रहेगीं, तो एक दिन ऐसा आएगा कि कोई ऐसे लोगों की मदद करने को तैयार नहीं होगा। ऐसे लड़कियों के बारे में ही कहा जाता है, कि जो जन्मदाता की नहीं हुई, वह मददगार की क्या होगी? लाइव पर आकर झूठ बोलने वाली लड़कियां कितनी शरीफ होती है, इसे आसानी से समझा जा सकता है। कल तक इन लड़कियों के लिए जो कैफ नामक व्यक्ति हैवान और बलात्कारी था, आज वह न जाने कैसे हीरो हो गया? बलात्कार की शिकार किसी भी लड़की का लाइव पर आना आसान नहीं होता, और न आसानी से कोई आना चाहती, क्यों कि लाइव पर आने वाली लड़कियों को अच्छी तरह मालूम होता है, कि लाइव पर आने का मतलब परिवार की बदनामी होना। यह ठीक उसी तरह होता है, जिसमें बलात्कारी लछ़की से कहता है, कि अगर कुछ बोला तो तुम्हारा वीडियो वायरल कर दूंगा। यहां पर तो लड़कियां खुद अपना वीडियो वायरल कर रही है। जिस तरह दोनों लड़कियां लाइव पर आकर मदद करने वाले अखिलेश सिंह को बदनाम कर रही है, उससे पता चलता है, कि बदनाम करने वाली लड़कियां किस तरह की होगी। यह तो माना जाता है, कि मदद करने वाला कभी पैसे की लालच में मदद नहीं करता, लेकिन बयान बदलने वाली लड़कियां अवष्य किसी लालच या डरवष बयान बदलती है। ऐसे लड़कियों को कैफ जेैेसे लोग ही पंसद आते हैं, अखिलेष सिंह जैसे लोगों को तो यह लोग धोखेबाज समझती है। जिस व्यक्ति ने न जाने कितनी लड़कियों को हवष का षिकार बनाया होगा, अगर उसी व्यक्ति को वह लड़की चरित्रवान कहती है, जिसकी आबरु लूटा, तो समझ लेना चाहिए, कि चरित्रवान कहने वाली लड़कियां कितना चरित्रवान हो सकती है। सवाल यह उठ रहा है, कि आखिर इन लड़कियों को लाइव पर आने की क्या आवष्यकता हो गई, कोई इनके उपर तो आरोप लगा नहीं रहा था, बल्कि आरोप तो यही लड़कियां लगा रही थी। सवाल यह भी उठ रहा है, कि लाइव पर आने से किसे लाभ होगा, सीधा सा सवाल हैं, लाभ उसको होगा, जिसपर लड़कियों ने आरोप लगाया और एसपी से कैफ के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की। अब लड़कियों का नाम मीडिया में आने से कोई फर्क पड़ने वाला नहीं, क्यों कि इसकी शुरुआत तो लड़कियों ने की। अगर इसी तरह लड़कियां बयान से पलटने लगी तो यह किसी सड़क पर भी मिलेगी तो कोई मदद यह जानकर नहीं करेगा, कि पता नहीं कब पैसे के लालच में आकर मदद करने वालें को ही फंसा दें। फिर कैफ जैसे न जाने कितने हिंदु लड़कियों को अपना शिकार बनाते रहेगें। किसी कवि ने सही कहा कि बयान बदलने से क्या-क्या बदलता है। कहते हैं, कि बयान बदलने से दोस्त बदल जाते, बदलने वाले का स्थान बदल जाता, जमीन बदल जाती, आसमान बदल जाते, रोटी बदल जाती, दाल बदल जाते, कपड़े बदल जाते, चाल बदल जाते, करीबी रिष्तेदार दू होते जाएगें, रोने लगेंगे। कहने का मतलब इस मामले में कल तक जो विलेन था, आज वह हीरो हो गया, और जो हीरो था, उसे चालाक लड़कियों ने विलेन बना दिया।