मेंटल हेल्थ से जूझ रहा हर तीन में से एक इंसान, ऐसे कर सकते हैं बचाव

Dharmpal Singh

जिंदगी में कई तरह का उतार-चढ़ाव आते हैं. कभी खुशी तो कभी गम इस दौरान मेंटल हेल्थ का खास ख्याल रखना बेहद जरूरी होता है. आज हम बात करेंगे यंग जेनरेशन किन कारणों से मेंटल हेल्थ से जूझ रही है.

एंग्जायटी और डिप्रेशन व्यक्ति के जीवन पर काफी बुरा असर डाल रहा है. समय रहते इस परेशानी से बाहर निकलना बेहद जरूरी है. . मेंटल हेल्थ राइटर फिओना थॉमस ने हेल्थ वेबसाइट को दिए अपने इंटरव्यू में बताया कि एंग्जायटी और डिप्रेशन की समस्या भी हो सकती है

.किशोरावस्था में खराब मानसिक स्वास्थ्य सिर्फ़ उदास महसूस करने से कहीं ज़्यादा है. यह किशोरों के जीवन के कई क्षेत्रों को प्रभावित कर सकता है. खराब मानसिक स्वास्थ्य वाले युवाओं को स्कूल और ग्रेड, निर्णय लेने और अपने स्वास्थ्य के साथ संघर्ष करना पड़ सकता है.

किशोरावस्था में होने वाले सामान्य मानसिक स्वास्थ्य विकारों में चिंता, अवसाद, ध्यान की कमी-अतिसक्रियता और भोजन से संबंधित विकार शामिल हैं.

समाचार और सोशल मीडिया पर सीमाएं निर्धारित करें. आजकल लोग सोशल मीडिया पर काफी ज्यादा वक्त बिताते हैं.

गर्भावस्था के दौरान शराब या नशीली दवाओं के संपर्क से लेकर जन्म संबंधी जटिलताएं, भेदभाव और नस्लवाद, प्रतिकूल बचपन के अनुभव (एसीई) जैसे दुर्व्यवहार, उपेक्षा, सामुदायिक हिंसा का सामना करना, तथा कम संसाधन वाले या नस्लीय रूप से अलग-थलग पड़ोस में रहना शामिल हो सकते हैं.

आज कल की यंग जेनरेशन कई तरह की मुश्किलों में फंसी हुई है. आजकल कम उम्र में ही लोग कई सारी गंभीर बीमारी के शिकार हो जाते हैं.